Defence Sector : भारत अब मिसाइल और हाई-एंड डिफेंस सिस्टम में तेजी से आत्मनिर्भर बन रहा है और सरकार का फोकस इंपोर्ट घटाने व घरेलू प्रोडक्शन बढ़ाने पर है। इससे ब्रह्मोस जैसी मिसाइलों की सप्लाई चेन में जुड़ी कई कंपनियों के ऑर्डर और कमाई दोनों में तेज बढ़ोतरी दिख रही है।
Goodluck India
Goodluck India इंजीनियरिंग स्ट्रक्चर, फोर्जिंग और प्रिसीजन पाइप्स बनाती है और ब्रह्मोस व प्रलय जैसी मिसाइलों के लिए स्पेशल स्टील व एलॉय फोर्जिंग सप्लाई करती है। 9M FY26 में कंपनी की बिक्री 3.45 लाख मीट्रिक टन से ऊपर रही और डिफेंस व ऑटो ट्यूब सेगमेंट से मजबूत मांग आई है। इसके शेयर लगभग 1,017 रुपये के पास ट्रेड कर रहे हैं, 52 वीक लो 592 रुपये और हाई 1,349 रुपये के बीच है और पिछले पांच साल में करीब 1,411 फीसदी रिटर्न दे चुके हैं।
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MTAR Technologies
MTAR Technologies मिसाइल और स्पेस लॉन्च व्हीकल्स के लिए बेस फ्रेम, कैनिस्टर, एयरफ्रेम और विंग किट जैसे हाई-प्रिसीजन पार्ट्स बनाती है। कंपनी इलेक्ट्रो-मैकेनिकल एक्ट्यूएटर्स जैसे एडवांस्ड प्रोडक्ट्स पर भी काम कर रही है और FY25 व FY26 में इसे अब तक के सबसे ज्यादा घरेलू व अंतरराष्ट्रीय ऑर्डर मिले हैं। इसके शेयर लगभग 3,500–3,700 रुपये के दायरे में ट्रेड कर रहे हैं और पिछले एक साल में 150 फीसदी से ज्यादा रिटर्न दे चुके हैं, जबकि मार्केट कैप 11,000 करोड़ रुपये के आसपास है।
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Premier Explosives
Premier Explosives हाई एनर्जी मटेरियल्स और सॉलिड प्रोपेलेंट बनाती है, जो अस्त्र, आकाश, अग्नि, ब्रह्मोस, MRSAM और LRSAM जैसे कई मिसाइल प्रोग्राम्स में इस्तेमाल होते हैं। 3Q FY26 में कंपनी की ऑर्डर बुक करीब 12,900 करोड़ रुपये तक पहुंची, जो FY25 की आय का लगभग 3.1 गुना है और इसमें 92 फीसदी हिस्सा घरेलू डिफेंस से आता है। पिछले पांच साल में इसने करीब 1,410 फीसदी रिटर्न दिया है, जबकि शेयर लगभग 438–470 रुपये के दायरे में और मार्केट कैप 2,300–2,500 करोड़ रुपये के बीच है।
Jindal Stainless
Jindal Stainless मिसाइल और रॉकेट सिस्टम के लिए खास तरह का स्टेनलेस व लो-एलॉय स्टील सप्लाई करता है और ब्रह्मोस मिसाइल, मिसाइल कैनिस्टर व रॉकेट एग्जॉस्ट यूनिट्स में इसका मटेरियल इस्तेमाल होता है। कंपनी चंद्रयान-3 और न्यूक्लियर सबमरीन प्रोजेक्ट्स में भी योगदान दे चुकी है और हाल ही में ब्रह्मोस एयरोस्पेस से स्पेशल स्टील बनाने की मंजूरी मिली है, जिससे डिफेंस सप्लाई चेन में इसकी स्थिति और मजबूत हुई है। पांच साल में इस स्टॉक ने करीब 985 फीसदी रिटर्न दिया है, मौजूदा कीमत लगभग 722 रुपये, 52 वीक लो 496 और हाई 884 रुपये के बीच है, जबकि मार्केट कैप लगभग 59,500 करोड़ रुपये है।
Jaykay Enterprises
Jaykay Enterprises प्रिसीजन मशीनिंग, कंपोजिट एप्लिकेशन और 3D प्रिंटिंग पर फोकस करते हुए मिसाइल सिस्टम के फ्रंट पैनल और असेंबली पार्ट्स तैयार करती है। कंपनी विशेष रूप से डिफेंस प्रोडक्ट्स के लिए नया मैन्युफैक्चरिंग प्लांट लगा रही है और डिजिटल मैन्युफैक्चरिंग की बढ़ती मांग के बीच डिफेंस व एयरोस्पेस सब्सिडियरी के जरिए अपने ऑपरेशन का विस्तार कर रही है। 2025 में लिस्ट हुई इस कंपनी ने अब तक लगभग 40 फीसदी निगेटिव रिटर्न दिया है, शेयर करीब 132 रुपये पर अपने 122 रुपये के लो के नजदीक है और मार्केट कैप लगभग 1,718 करोड़ रुपये के आसपास है।
Disclaimer : इस लेख में दी गई जानकारी केवल शैक्षिक और जनरल इनफॉर्मेशन के उद्देश्य से तैयार की गई है, इसे किसी भी तरह की निवेश, ट्रेडिंग या चिकित्सा सलाह नहीं माना जाए। शेयर बाज़ार में निवेश जोखिम भरा हो सकता है, इसलिए फैसला लेने से पहले अपने रजिस्टर्ड फाइनेंशियल एडवाइज़र से परामर्श अवश्य करें।






